बीती रात हाईवे पर शराब ठेके के नजदीक फ्लाईओवर के पास यमुनानगर से दिल्ली की तरफ जा रहा करीब 15- 16 टन प्लाईवुड के बोर्ड से लोड कैंटर भारी भरकम पत्थर से टकराकर पलट गया हादसे में जहां चालक बाल बाल बच गया वही हाईवे व सर्विस लाइन पर जाम की समस्या उत्पन्न हो गई देखते ही देखते वाहनों की लंबी कतारें लगनी शुरू हो गई। सूचना मिलते ही चौकी पुलिस व समालखा हाईवे पुलिस मौके पर पहुंची और दो हाइड्रा मशीन से क्षतिग्रस्त कैंटर को जीटी रोड से हटाने के लिए प्रयास किए गए लेकिन 19 घंटे बीत जाने के बावजूद भी क्षतिग्रस्त कैंटर को हटाया नहीं गया जिसे रुक-रुक कर जाम की समस्या बनी रही वहीं वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
दरअसल यहां पर सड़क हादसों का मुख्य प्वाइंट है। कई बार सड़क हादसे घटित हो चुके हैं लेकिन एन एच ए आई की ओर से आज तक कोई उचित कदम नहीं उठाया गया जिसको लेकर वाहन चालकों ने सवाल खड़े किए हैं। मिली जानकारी के अनुसार उत्तर प्रदेश के बरेली निवासी चालक शिवराज सिंह चौहान ने बताया कि वह यमुनानगर से कैंटर में 15 - 16 टन प्लाईवुड के बोर्ड लोड करके दिल्ली जा रहा था। जैसे ही वह रात्रि करीब 12:00 बजे समालखा में शराब ठेके के नजदीक सर्विस लाइन पर पहुंचा तो इसी दौरान उसके आगे एक वाहन अचानक फ्लाईओवर की तरफ गुजरने लगा तो चालक का संतुलन बिगड़ने पर कैंटर रोड पर रखें भारी भरकम पत्थर से टकरा गया और जीटी रोड पर पलट गया।
हादसे में चालक शिवराज सिंह चौहान बाल बाल बच गया। शनिवार को सुबह के समय जाम की समस्या उत्पन्न हो गयी देखते ही देखते वाहनों की लंबी कतारें लगनी शुरू हो गई जिसकी सूचना पुलिस को दी गई।सूचना मिलते ही चौकी पुलिस व समालखा हाईवे पुलिस मौके पर पहुंची और दो हाइड्रा मशीन से क्षतिग्रस्त कैंटर को हटाने के लिए प्रयास किए गए लेकिन 19 घंटे बीत जाने के बाद भी क्षतिग्रस्त कैंटर को जीटी रोड से हटाया नहीं गया उधर वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं कुछ वाहन चालकों ने बताया कि फ्लाईओवर के पास भारी भरकम पत्थर रखे गए हैं जिससे आए दिन सड़क हादसे घटित हो रहे हैं। यह सब एनएचएआई की लापरवाही के कारण हो रहा है।