करवा चौथ का पर्व नजदीक आते ही बाजारों में रौनक लौट आई है। शुक्रवार यानी 10 अक्टूबर को मनाए जाने वाले इस पर्व को लेकर महिलाओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। प्रदेश भर के सभी जिलों के बाजार, ब्यूटी पार्लर और चूड़ी की दुकानों पर महिलाओं की भीड़ उमड़ रही है। हर तरफ साज-सज्जा का माहौल है — कहीं मेहंदी की खुशबू बिखरी है तो कहीं चूड़ियों की छनक सुनाई दे रही है।
पहले करवे का खास उत्साह
बाजार में आई नई नवविवाहित महिलाओं में करवा चौथ को लेकर खास उत्साह देखने को मिला। एक नवविवाहिता ने बताया कि शादी के बाद उनका यह पहला करवा चौथ है और वह अपने मायके में इसे मना रही हैं। उन्होंने कहा कि इस दिन का बेसब्री से इंतजार था। उन्होंने अपने पहले करवे के लिए डिजाइनर सूट, चूड़ियां और बैंगल्स खरीदी हैं। सबसे बड़ी खुशी यह है कि उनके पति भी उनके साथ व्रत रख रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह उनके लिए एक यादगार पल है और पति की ओर से मिलने वाले गिफ्ट को लेकर भी वे काफी उत्साहित हैं।
बाजारों में दिखी जबरदस्त रौनक
करवा चौथ से एक दिन पहले बाजारों में महिलाओं की भीड़ उमड़ पड़ी। शहर की सड़कों पर सजी दुकानों पर महिलाओं की लंबी कतारें दिखाई दीं। चूड़ी, कपड़े, ब्यूटी प्रोडक्ट, मेकअप किट और सजावटी सामान की खरीदारी जोरों पर रही। ब्यूटी पार्लरों में भी महिलाओं की भारी भीड़ रही। पार्लर संचालकों ने बताया कि पिछले तीन-चार दिनों से महिलाओं की बुकिंग लगातार बढ़ रही है। महिलाएं करवा चौथ पर सुंदर दिखने के लिए विशेष मेकअप और हेयर स्टाइल की डिमांड कर रही हैं।
मेहंदी का क्रेज चरम पर
इस बार मेहंदी का क्रेज भी चरम पर है। बाजारों में मेहंदी लगाने वालों की लाइनें लगी हुई हैं। मेहंदी आर्टिस्टों के हाथों पर रौनक छा गई है। कई महिलाओं ने बताया कि मेहंदी के दाम भी इस बार पिछले साल की तुलना में बढ़ गए हैं, लेकिन इसके बावजूद महिलाएं पूरे हाथों और पैरों में मेहंदी लगवा रही हैं। एक महिला ने मुस्कराते हुए कहा कि “पहले करवे की मेहंदी ही सबसे खास होती है, इसकी खुशबू में सच्चे प्रेम की महक होती है।”
आभूषण और परिधान की बिक्री में उछाल
करवा चौथ को लेकर सोने-चांदी के आभूषणों की खरीदारी में भी तेजी आई है। सर्राफा बाजार में चहल-पहल बढ़ गई है और दुकानदारों के चेहरे खिले हुए हैं। महिलाएं कपड़ों के साथ मेल खाते गहने और डिजाइनर सूट चुनने में व्यस्त दिखीं। वहीं घरों के लिए सजावट का सामान और मिट्टी के करवे की भी भारी मांग रही।
साल भर रहता है इंतजार
बाजार में आई एक महिला ने बताया कि इस त्योहार का इंतजार उन्हें पूरे साल रहता है। उन्होंने कहा, “करवा चौथ सिर्फ एक व्रत नहीं बल्कि प्यार और समर्पण का त्योहार है। इसमें महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र और सुख-समृद्धि के लिए पूरे दिन निर्जला व्रत रखती हैं। यह रोमांटिक और पारिवारिक जुड़ाव का प्रतीक है।”
त्योहारों के सीजन की शुरुआत
नवरात्रि के समापन के साथ ही अब त्योहारों का सीजन शुरू हो गया है। बाजारों में दीपावली की तैयारियों के साथ-साथ करवा चौथ की चमक ने भी रौनक बढ़ा दी है। दुकानदारों के अनुसार इस बार बिक्री में पिछले सालों की तुलना में बढ़ोतरी हुई है।
करवा चौथ का शुभ मुहूर्त पंडितों के अनुसार करवा चौथ की तिथि 9 अक्टूबर की रात 10:54 बजे से शुरू होकर 10 अक्टूबर शाम 7:37 बजे तक रहेगी। इस दिन चंद्रोदय रात 8:14 बजे होगा। महिलाएं चंद्रमा के दर्शन कर व्रत का पारण करेंगी और अपने पति की दीर्घायु की कामना करेंगी।